3. मनुष्य में पाचन (Digestion in Humans)
- शुरुआत: मुख गुहा में दाँतों द्वारा यांत्रिक पाचन और लार एमाइलेज (Ptyalin) द्वारा स्टार्च का रासायनिक पाचन शुरू।
- आमाशय: जठर रस में HCl और पेप्सिनोजन होता है। HCl अम्लीय वातावरण बनाता है और पेप्सिनोजन को सक्रिय पेप्सिन में बदलता है।
- रेनिन: शिशुओं में दूध के प्रोटीन (केसिन) का पाचन करता है।
- छोटी आँत: अधिकांश पाचन और अवशोषण यहीं पूरा होता है।
- भोजन का रूप: मुख में बोलस, आमाशय में काइम (अम्लीय)।

10 MCQ (मनुष्य में पाचन)
1. कार्बोहाइड्रेट का पाचन कहाँ से शुरू होता है?
- a) आमाशय
- b) ग्रसनी
- c) मुख गुहा
- d) ग्रासनली
उत्तर
उत्तर: (c) मुख गुहा।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- लार में मौजूद टायलिन (लार एमाइलेज) स्टार्च के पाचन को मुख गुहा में ही शुरू कर देता है।
2. प्रोटीन पाचक एंजाइम पेप्सिनोजन को सक्रिय पेप्सिन में कौन बदलता है?
- a) रेनिन (Rennin)
- b) पित्त रस (Bile)
- c) हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl)
- d) लाइपेस (Lipase)
उत्तर
उत्तर: (c) हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- HCl आमाशय का pH लगभग 1.8 बनाता है।
- यह अम्लीय माध्यम निष्क्रिय पेप्सिनोजन को सक्रिय पेप्सिन में बदलता है।
3. आमाशय में जठर रस का pH लगभग कितना होता है?
- a) 7.8
- b) 6.8
- c) 1.8
- d) 8.4
उत्तर
उत्तर: (c) 1.8
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- HCl के स्राव के कारण आमाशय का वातावरण अत्यधिक अम्लीय होता है, जो पेप्सिन की क्रिया के लिए अनुकूल है।
4. शिशुओं में दूध के प्रोटीन (केसिन) को पचाने वाला एंजाइम कौन-सा है?
- a) पेप्सिन (Pepsin)
- b) ट्रिप्सिन (Trypsin)
- c) रेनिन (Rennin)
- d) एमाइलेज (Amylase)
उत्तर
उत्तर: (c) रेनिन (Rennin)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- रेनिन (Rennin), जिसे काइमोसिन भी कहते हैं, दूध के प्रोटीन केसिन को थक्के के रूप में जमाकर पचाने में मदद करता है।
5. आमाशय में HCl का स्राव किस कोशिका द्वारा होता है?
- a) पेप्टिक कोशिकाएँ (Peptic Cells)
- b) G कोशिकाएँ (G Cells)
- c) ऑक्सिन्टिक/पैराइटल कोशिकाएँ (Oxyntic/Parietal Cells)
- d) श्लेष्मा ग्रीवा कोशिकाएँ (Mucus Neck Cells)
उत्तर
उत्तर: (c) ऑक्सिन्टिक/पैराइटल कोशिकाएँ (Oxyntic/Parietal Cells)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- ये कोशिकाएँ जठर ग्रंथियों में उपस्थित होती हैं और HCl तथा आंतरिक कारक (Intrinsic Factor) का स्राव करती हैं।
6. वह अंग जहाँ कोई पाचन क्रिया नहीं होती है, लेकिन भोजन का परिवहन होता है:
- a) आमाशय
- b) ग्रासनली
- c) मुख गुहा
- d) छोटी आँत
उत्तर
उत्तर: (b) ग्रासनली।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- ग्रासनली (Oesophagus) केवल मुख गुहा से आमाशय तक भोजन को क्रमानुकुंचन गति द्वारा पहुँचाने का मार्ग है।
7. आमाशय में प्रोटीन का आंशिक पाचन होने के बाद भोजन को क्या कहा जाता है?
- a) बोलस (Bolus)
- b) काइम (Chyme)
- c) मल (Feces)
- d) काइल (Chyle)
उत्तर
उत्तर: (b) काइम (Chyme)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- काइम अम्लीय, गाढ़ा, अर्ध-पचा हुआ भोजन है जो आमाशय से छोटी आँत में जाता है। मुख गुहा में इसे बोलस कहा जाता है।
8. आहार नाल की कौन-सी ग्रंथि लार स्रावित करती है?
- a) यकृत (Liver)
- b) अग्न्याशय (Pancreas)
- c) लार ग्रंथियाँ (Salivary Glands)
- d) जठर ग्रंथियाँ (Gastric Glands)
उत्तर
उत्तर: (c) लार ग्रंथियाँ (Salivary Glands)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- मनुष्य में तीन जोड़ी लार ग्रंथियाँ (कर्णपूर्व, अधोजंभ और अधोजिह्वा) होती हैं जो लार स्रावित करती हैं।
9. ग्रसनी (Pharynx) में भोजन को श्वासनली (Trachea) में जाने से रोकने वाला उपास्थि का पल्ला क्या है?
- a) स्फिंक्टर (Sphincter)
- b) उपजिह्वा (Epiglottis)
- c) उपांग (Appendix)
- d) वाल्व (Valve)
उत्तर
उत्तर: (b) उपजिह्वा (Epiglottis)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- निगलने के दौरान, उपजिह्वा (Epiglottis) घाटीद्वार (Glottis) को ढक देता है, जिससे भोजन श्वासनली में नहीं जा पाता।
10. आमाशय का कौन-सा भाग ग्रासनली में खुलता है?
- a) पाइलोरिक (Pyloric)
- b) फंडस (Fundus)
- c) काय (Body)
- d) कार्डियक (Cardiac)
उत्तर
उत्तर: (d) कार्डियक (Cardiac)।
💡 संक्षिप्त स्पष्टीकरण:
- ग्रासनली, कार्डियक स्फिंक्टर के माध्यम से आमाशय के कार्डियक भाग में खुलती है।
मनीलाल पटेल, जिन्हें सभी प्रेम से मनीभाई नवरत्न के नाम से जानते हैं, शिक्षा के क्षेत्र में एक समर्पित और प्रेरणादायक शिक्षक हैं। वे M.Sc., B.Ed., NET योग्यताधारी हैं तथा NCC एवं HWB प्रमाणन भी रखते हैं।
मनी सर वर्तमान में जवाहर नवोदय विद्यालय (NVS) तथा प्रयास विद्यालय के प्रवेश परीक्षा हेतु छात्रों को मार्गदर्शन प्रदान करते हैं। और साथ में Edudepart में वरिष्ठ मुख्य संपादक के रूप में अपनी निशुल्क सेवाएँ प्रदान कर रहे हैं।
हिंदी माध्यम से जुड़े मनी सर एक बहुमुखी प्रतिभा के धनी हैं —वे व्यंग्य कवि, गीतकार, गायक, यूट्यूबर, ब्लॉगर और लेखक भी हैं।
शिक्षा और साहित्य—दोनों क्षेत्रों में सक्रिय रहते हुए मनी सर निरंतर विद्यार्थियों एवं पाठकों को प्रेरित करते रहते हैं।


