हिन्दी निबंध पर वस्तुनिष्ठ प्रश्न

आपके द्वारा दिए गए प्रश्न-उत्तर के जोड़े वस्तुतः बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) के प्रारूप में ही हैं, जहाँ प्रत्येक प्रश्न के लिए सही उत्तर का विकल्प पहले से ही चिह्नित है।
आपके अनुरोध को समझते हुए, मैं उन चिह्नित उत्तरों को हटाकर, सभी प्रश्नों को मानक बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) के रूप में पुनर्गठित कर रहा हूँ।
भारतीय निबंध साहित्य पर आधारित बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs)
सरदार पूर्ण सिंह पर आधारित प्रश्न
- अध्यापक पूर्ण सिंह किस युग के निबंधकार हैं?
- भारतेन्दु युग
- द्विवेदी युग
- शुक्ल युग
- शुक्लोत्तर युग
- भाषा में लाक्षणिकता के लिए कौन से निबंधकार जाने जाते हैं?
- पूर्णसिंह
- भारतेन्दु
- प्रतापनारायण मिश्र
- रामचंद्र शुक्ल
- पूर्ण सिंह जी का जन्म हुआ था:
- लाहौर
- अमृतसर
- करांची
- एबटाबाद में
- सरदार पूर्ण सिंह के निबंध किस पत्रिका में प्रकाशित हुए थे?
- सरस्वती
- माधुरी
- चाँद
- हँस
- ‘मजदूरी और प्रेम‘ निबंध का उद्देश्य है:
- औद्योगिकीकरण का विरोध
- मशीनीकरण का विरोध
- तकनीकी का विरोध
- मजदूर और श्रम का महत्त्व बताना
- ‘यदि प्रेम स्वप्न है तो श्रद्धा जागरण‘ कथन है:
- गुलाबराय
- नगेन्द्र
- पूर्ण सिंह
- उपरोक्त में से किसी का नहीं
आचार्य रामचंद्र शुक्ल पर आधारित प्रश्न
- ‘ह्रदय की मुक्तावस्था को रस दशा‘ किस निबंध में बताया गया है?
- कविता क्या है?
- श्रद्धा भक्ति
- मजदूरी और प्रेम
- अशोक के फूल
- ‘यात्रा के लिए निकलती रही है बुद्धि पर ह्रदय को भी साथ लेकर‘ किस लेखक का कथन है?
- हजारी प्रसाद द्विवेदी
- आचार्य राम चंद्र शुक्ल
- सरदार पूर्ण सिंह
- गुलाबराय जी
- चिंतामणि में कितने निबंध संकलित हैं?
- 15
- 17
- 16
- 20
- ‘श्रद्धा महत्ववकी आनंदपूर्ण स्वीकृति के साथ पूज्य बुद्धि का संचार है।‘ यह कथन है:
- हजारी प्रसाद द्विवेदी
- आचार्य राम चंद्र शुक्ल
- सरदार पूर्ण सिंह
- अज्ञेय जी
- श्रद्धा के कितने पक्ष बताए गए हैं?
- 2
- 3
- 4
- केवल एक
- ‘जानवरों की इसकी ज़रूरत नहीं‘ में ‘इसकी’ से तात्पर्य है:
- प्रेम
- श्रद्धा
- भक्ति
- कविता
- श्रीमानों के शुभागमन पर पद्य बनाना, बात-बात में उनको बधाई देना, शुक्ल जी के अनुसार किसका काम नहीं है?
- कवि
- चारण
- भाट
- मुसाहिब
- विधायक कल्पना किसमें होती है?
- कवि
- पाठक
- श्रोता
- सहृदय
- भाव योग की सबसे ऊंची कक्षा पर पहुँचे हुए व्यक्ति का तादात्म्य किससे हो जाता है?
- जगत से
- कवि से
- पाठकों/श्रोताओं से
- भगवान से
आचार्य हजारी प्रसाद द्विवेदी पर आधारित प्रश्न
- कौन सा निबंध हजारी प्रसाद जी का नहीं है?
- कुटज
- नाखून क्यों बढ़ते हैं?
- शिरीष के फूल
- आम्रमंजरी
- कौन सी शैली हजारी प्रसाद द्विवेदी के निबंधों में उपलब्ध होती है?
- विचारात्मक शैली
- गवेषणात्मक शैली
- हास्य व्यंग्य शैली
- उपरोक्त सभी
- ‘रक्त और जाती शुद्धता के नाम पर विश्व में अनेक नर संहार हुए हैं।‘ यह विचार किस निबंध से लिए गए हैं?
- अशोक के फूल
- मजदूरी और प्रेम
- कविता क्या है?
- श्रद्धा और भक्ति
- ‘मैं साहित्य का लक्ष्य मनुष्य को मानता हूँ।‘ यह विचार किसका है?
- हजारी प्रसाद द्विवेदी
- आचार्य राम चंद्र शुक्ल
- सरदार पूर्ण सिंह
- नन्द दुलारे वाजपेयी जी
- ‘रक्त और संस्कृति की विशुद्धता से भी बड़ी है मानव की जीजिविषा‘ यह विचार है:
- हजारी प्रसाद द्विवेदी
- आचार्य राम चंद्र शुक्ल
- सरदार पूर्ण सिंह
- इनमें से कोई नहीं
भारतीय निबंध साहित्य MCQs के सही उत्तर
सरदार पूर्ण सिंह और अन्य
- अध्यापक पूर्ण सिंह किस युग के निबंधकार हैं?
- 2. द्विवेदी युग
- भाषा में लाक्षणिकता के लिए कौन से निबंधकार जाने जाते हैं?
- 1. पूर्णसिंह
- पूर्ण सिंह जी का जन्म हुआ था:
- 1. एबटाबाद में
- सरदार पूर्ण सिंह के निबंध किस पत्रिका में प्रकाशित हुए थे?
- 1. सरस्वती
- ‘मजदूरी और प्रेम‘ निबंध का उद्देश्य है:
- 4. मजदुर और श्रम का महत्त्व बताना
- ‘यदि प्रेम स्वप्न है तो श्रद्धा जागरण‘ कथन है:
- 3. पूर्ण सिंह
आचार्य रामचंद्र शुक्ल
- ‘ह्रदय की मुक्तावस्था को रस दशा‘ किस निबंध में बताया गया है?
- 1. कविता क्या है?
- ‘यात्रा के लिए निकलती रही है बुद्धि पर ह्रदय को भी साथ लेकर‘ किस लेखक का कथन है?
- 2. आचार्य राम चंद्र शुक्ल
- चिंतामणि में कितने निबंध संकलित हैं?
- 2. 17
- ‘श्रद्धा महत्ववकी आनंदपूर्ण स्वीकृति के साथ पूज्य बुद्धि का संचार है।‘ यह कथन है:
- 2. आचार्य राम चंद्र शुक्ल
- श्रद्धा के कितने पक्ष बताए गए हैं?
- 2. 2
- ‘जानवरों की इसकी ज़रूरत नहीं‘ में ‘इसकी’ से तात्पर्य है:
- 4. कविता
- श्रीमानों के शुभागमन पर पद्य बनाना, बात-बात में उनको बधाई देना, शुक्ल जी के अनुसार किसका काम नहीं है?
- 4. मुसाहिब
- विधायक कल्पना किसमें होती है?
- 1. कवि
- भाव योग की सबसे ऊंची कक्षा पर पहुँचे हुए व्यक्ति का तादात्म्य किससे हो जाता है?
- 1. जगत से
आचार्य हजारी प्रसाद द्विवेदी
- कौन सा निबंध हजारी प्रसाद जी का नहीं है?
- 3. आम्रमंजरी
- कौन सी शैली हजारी प्रसाद द्विवेदी के निबंधों में उपलब्ध होती है?
- 4. उपरोक्त सभी (विचारात्मक, गवेषणात्मक, हास्य व्यंग्य)
- ‘रक्त और जाती शुद्धता के नाम पर विश्व में अनेक नर संहार हुए हैं।‘ यह विचार किस निबंध से लिए गए हैं?
- 1. अशोक के फूल
- ‘मैं साहित्य का लक्ष्य मनुष्य को मानता हूँ।‘ यह विचार किसका है?
- 1. हजारी प्रसाद द्विवेदी
- ‘रक्त और संस्कृति की विशुद्धता से भी बड़ी है मानव की जीजिविषा‘ यह विचार है:
- 1. हजारी प्रसाद द्विवेदी
