1. पदार्थ क्या है?
वह वस्तु जो स्थान घेरती है और जिसका द्रव्यमान होता है, उसे पदार्थ (Matter) कहते हैं।
- पदार्थ के उदाहरण: लोहे की कील, कुर्सी, मेज, वायु, जल, भाप, चीनी, नमक आदि।
- पदार्थ नहीं हैं: प्रकाश, ध्वनि, मुस्कान, विचार आदि — क्योंकि इनका द्रव्यमान नहीं होता और ये स्थान नहीं घेरते।
गतिविधि-1: पानी से भरे बर्तन में उलटा गिलास रखने पर पानी गिलास में नहीं भरता क्योंकि गिलास में हवा भरी है। हवा स्थान घेरती है। लेजर प्रकाश गिलास में प्रवेश कर जाता है क्योंकि प्रकाश को स्थान की आवश्यकता नहीं होती।
2. द्रव्यमान संरक्षण का नियम
(Law of Conservation of Mass)
लैवोइजिये (Lavoisier) ने बताया:
रासायनिक अभिक्रिया में द्रव्यमान न तो उत्पन्न होता है और न ही नष्ट होता है।
अर्थात्,
अभिकारकों का कुल द्रव्यमान = उत्पादों का कुल द्रव्यमान
उदाहरण:
20 g A + 40 g B → 25 g C + 15 g D + 20 g E
कुल अभिकारक = 60 g, कुल उत्पाद = 60 g
3. मिश्रण (Mixture)
जब दो या दो से अधिक पदार्थ किसी भी अनुपात में मिलाए जाते हैं और उनके गुण बने रहते हैं, तो उसे मिश्रण कहते हैं।
मिश्रण के घटकों को भौतिक विधियों से अलग किया जा सकता है।
मिश्रण के प्रकार
| प्रकार | विशेषता | उदाहरण |
|---|---|---|
| समांगी मिश्रण (Homogeneous) | घटक समान रूप से वितरित, एक ही प्रावस्था | नमक + जल, चीनी + जल |
| विषमांगी मिश्रण (Heterogeneous) | घटक असमान रूप से वितरित, अलग-अलग दिखाई देते हैं | चॉक पाउडर + जल, तेल + जल |
4. विलयन (Solution)
विलयन एक समांगी मिश्रण है, जिसमें दो या दो से अधिक पदार्थ होते हैं।
- विलायक (Solvent): अधिक मात्रा में उपस्थित घटक, जो दूसरे पदार्थ को घोलता है।
- विलेय (Solute): कम मात्रा में उपस्थित घटक, जो विलायक में घुल जाता है।
विलयन के गुण:
- कण अत्यंत सूक्ष्म (परमाणु/अणु स्तर) होते हैं।
- कण समान रूप से वितरित रहते हैं।
- निथारण (Filtration) से अलग नहीं किए जा सकते।
- प्रकाश की किरण का पथ दिखाई नहीं देता।
- कण नीचे बैठते नहीं।
उदाहरण: नमक का जल में विलयन, सोडा वाटर, नींबू पानी, टिंचर आयोडीन, मिश्र धातु (Alloy)।
विलयन के प्रकार
| प्रकार | अर्थ |
|---|---|
| संतृप्त विलयन (Saturated) | दी गई तापमान पर और अधिक विलेय नहीं घुल सकता। |
| असंतृप्त विलयन (Unsaturated) | संतृप्ति स्तर से कम विलेय उपस्थित। |
| अति संतृप्त विलयन (Supersaturated) | ठंडा करने पर भी अतिरिक्त विलेय घुला रहता है। उदाहरण: चाशनी। |
- विलेयता (Solubility): संतृप्त विलयन में उपस्थित विलेय की मात्रा।
- सांद्रता (Concentration): विलयन में उपस्थित विलेय की मात्रा।
तापमान बढ़ाने पर ठोस की विलेयता सामान्यतः बढ़ती है।
5. निलंबन (Suspension)
निलंबन एक विषमांगी मिश्रण है।
गुण:
- कण नंगी आँखों से दिखाई देते हैं।
- कण नीचे बैठ जाते हैं।
- निथारण (Filtration) द्वारा अलग किए जा सकते हैं।
- प्रकाश की किरण का पथ दिखाई देता है (टिंडल प्रभाव)।
- अलग-अलग भागों में संरचना अलग होती है।
उदाहरण: चॉक पाउडर + जल, मिट्टी + जल।
6. कोलॉइड (Colloid)
कोलॉइड विलयन और निलंबन के बीच का मिश्रण है।
गुण:
- कण अत्यंत सूक्ष्म, नंगी आँखों से नहीं दिखते।
- समांगी जैसे लगते हैं, वास्तव में विषमांगी होते हैं।
- निथारण से अलग नहीं होते।
- कण नीचे नहीं बैठते।
- टिंडल प्रभाव (Tyndall Effect) दिखाते हैं — प्रकाश की किरण का पथ दिखाई देता है।
- ब्राउनी गति (Brownian Motion) — कणों की ज़िग-ज़ैग गति।
- अपकेंद्रण (Centrifugation) द्वारा अलग किए जा सकते हैं।
उदाहरण: दूध, मक्खन, धुआँ, कोहरा, इंक + जल।
7. विलयन, कोलॉइड और निलंबन में अंतर
| गुण | विलयन | कोलॉइड | निलंबन |
|---|---|---|---|
| कणों का आकार | अत्यंत सूक्ष्म | मध्यम | बड़ा |
| दिखाई देना | नहीं | नहीं | हाँ |
| टिंडल प्रभाव | नहीं | हाँ | हाँ |
| निथारण | नहीं | नहीं | हाँ |
| स्थायित्व | स्थायी | स्थायी | अस्थायी |
| प्रकार | समांगी | विषमांगी (दिखता समांगी) | विषमांगी |
8. शुद्ध पदार्थ (Pure Substances)
जिन पदार्थों को सरल भौतिक विधियों से और अलग नहीं किया जा सकता, उन्हें शुद्ध पदार्थ कहते हैं।
शुद्ध पदार्थ दो प्रकार के होते हैं:
- तत्व (Elements)
- यौगिक (Compounds)
9. तत्व (Elements)
तत्व वह शुद्ध पदार्थ है जो रासायनिक विधियों से और सरल पदार्थों में विभाजित नहीं किया जा सकता।
- तत्व एक ही प्रकार के परमाणुओं से बने होते हैं।
- उदाहरण: हाइड्रोजन (H), ऑक्सीजन (O), सोडियम (Na), लोहा (Fe), तांबा (Cu), सोना (Au) आदि।
- तत्व ठोस, द्रव और गैस — तीनों अवस्थाओं में पाए जाते हैं।
लैवोइजिये ने तत्व की आधुनिक परिभाषा दी।
10. यौगिक (Compounds)
जब दो या दो से अधिक तत्व निश्चित अनुपात में रासायनिक अभिक्रिया द्वारा मिलते हैं, तो यौगिक बनता है।
गुण:
- यौगिक के गुण अपने घटक तत्वों से भिन्न होते हैं।
- घटक तत्व निश्चित द्रव्यमान अनुपात में होते हैं।
- रासायनिक विधियों से ही अलग किए जा सकते हैं।
उदाहरण:
- जल (H₂O) — हाइड्रोजन + ऑक्सीजन
- कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) — कार्बन + ऑक्सीजन
- अमोनिया (NH₃), बेकिंग सोडा (NaHCO₃), चॉक (CaCO₃) आदि।
11. स्थिर अनुपात का नियम
(Law of Definite Proportions)
प्राउस्ट (Proust) ने बताया:
किसी यौगिक में उसके घटक तत्व सदैव निश्चित द्रव्यमान अनुपात में उपस्थित होते हैं।
उदाहरण:
- जल में हाइड्रोजन : ऑक्सीजन = 1 : 8 (द्रव्यमान से)
- कार्बन डाइऑक्साइड में कार्बन : ऑक्सीजन = 3 : 8 (द्रव्यमान से)
जल का विद्युत अपघटन:
- हाइड्रोजन : ऑक्सीजन = 2 : 1 (आयतन से)
- 9 g जल → 1 g हाइड्रोजन + 8 g ऑक्सीजन
12. मिश्रण और यौगिक में अंतर
| गुण | मिश्रण | यौगिक |
|---|---|---|
| संघटन | किसी भी अनुपात में | निश्चित अनुपात में |
| निर्माण | भौतिक मिश्रण | रासायनिक संयोग |
| गुण | घटकों के गुण बने रहते हैं | नए गुण उत्पन्न होते हैं |
| पृथक्करण | भौतिक विधियों से | रासायनिक विधियों से |
| उदाहरण | नमक + जल | जल (H₂O) |
