ध्वनिबोधक शब्द – परिभाषा, प्रकार एवं उदाहरण
ध्वनिबोधक शब्द
परिभाषा
जिन शब्दों से किसी ध्वनि (आवाज़) का सीधा बोध होता है, उन्हें ध्वनिबोधक शब्द कहते हैं। ये शब्द मनुष्य, पशु, पक्षी, वस्तु या प्रकृति से निकलने वाली आवाज़ों को प्रकट करते हैं।
अर्थात् – ध्वनि बताने वाले शब्द = ध्वनिबोधक शब्द
ध्वनिबोधक शब्द की पहचान
- शब्द पढ़ते ही किसी आवाज़ का अनुभव हो
- प्रायः बोलचाल व साहित्य में प्रयुक्त
- कई बार दोहराव (झन-झन, खट-खट) में आते हैं
ध्वनिबोधक शब्दों के प्रकार (उदाहरण सहित)
1. मनुष्य की ध्वनि बताने वाले शब्द
- आह! (दुख)
- वाह! (प्रशंसा)
- हँ-हँ (हँसी)
- ओह! (आश्चर्य)
वाक्य प्रयोग – वाह! कितना सुंदर चित्र है।
2. पशु-पक्षियों की ध्वनि बताने वाले शब्द
- गाय – रंभाना
- कुत्ता – भौं-भौं
- बिल्ली – म्याऊँ
- कौआ – काँव-काँव
- कोयल – कुहू-कुहू
वाक्य प्रयोग – सुबह कोयल कुहू-कुहू कर रही थी।
3. वस्तुओं से निकलने वाली ध्वनि
- खट-खट (दरवाज़ा)
- छन-छन (चूड़ियाँ)
- झन-झन (घंटी)
- ठक-ठक (हथौड़ा)
वाक्य प्रयोग – दरवाज़े पर खट-खट की आवाज़ आई।
4. प्रकृति की ध्वनि बताने वाले शब्द
- सर-सर (हवा)
- कल-कल (नदी)
- गरज-गरज (बादल)
- टप-टप (पानी गिरना)
वाक्य प्रयोग – नदी कल-कल बह रही है।
5. युद्ध/आकस्मिक ध्वनि
- धम-धम
- धड़ाम
- भड़भड़
वाक्य प्रयोग – अचानक कुछ गिरने से धड़ाम की आवाज़ हुई।
ध्वनिबोधक शब्द और विस्मयादिबोधक में अंतर
| बिंदु | ध्वनिबोधक शब्द | विस्मयादिबोधक |
|---|---|---|
| संबंध | ध्वनि से | भाव से |
| उदाहरण | खट-खट, झन-झन | अरे!, वाह! |
