निश्चित रूप से, आपके द्वारा दिए गए बिंदुओं के आधार पर कक्षा 7 विज्ञान (पाठ 20: सजीवों में प्रजनन) के लिए विस्तृत और व्यवस्थित ‘स्मरणीय तथ्य’ यहाँ दिए गए हैं।
कक्षा 7 विज्ञान: सजीवों में प्रजनन (स्मरणीय तथ्य)
1. प्रजनन की मूल परिभाषाएँ
- प्रजनन (Reproduction): यह वह जैविक प्रक्रिया है जिसके द्वारा जीवित प्राणी अपने जैसे अन्य प्राणी या संतान उत्पन्न करने में समर्थ होते हैं। यह प्रजातियों की निरंतरता बनाए रखने के लिए आवश्यक है।
- निषेचन (Fertilization): नर जनन इकाई (नर युग्मक) एवं मादा जनन इकाई (मादा युग्मक) के मेल या संलयन को निषेचन कहते हैं। यह लैंगिक जनन का मुख्य चरण है।
- परिवर्धन (Development): निषेचन के बाद युग्मनज (Zygote) से भ्रूण (Embryo) तथा भ्रूण से अंततः शिशु (Adult) बनने की क्रमिक क्रिया को परिवर्धन कहते हैं।
- युग्मकों की वृद्धि एवं परिवर्धन के फलस्वरूप वयस्क का निर्माण होता है।
2. जनन के प्रकार
जनन मुख्य रूप से दो प्रकार से होते हैं:
- अलैंगिक जनन (Asexual Reproduction):
- इस जनन में विभिन्न लिंगों (नर एवं मादा) की आवश्यकता नहीं होती है।
- नए जीव की उत्पत्ति केवल एक जनक (Parent) से होती है।
- पौधों में: बीज के अतिरिक्त पौधे के अन्य किसी भाग (जैसे तना, पत्ती, जड़) से नए पौधे के उगने को अलैंगिक प्रजनन कहते हैं। (इसे कायिक प्रवर्धन भी कहते हैं)।
- लैंगिक जनन (Sexual Reproduction):
- इस जनन में दो अलग-अलग लिंगों (नर एवं मादा) की आवश्यकता होती है।
- इसमें नर और मादा युग्मकों का संलयन (निषेचन) होता है।
3. पादपों में जनन अंग (Reproductive Organs in Plants)
- पुष्प (Flower): पुष्पीय पौधों में प्रजनन अंग पुष्प (फूल) में होते हैं।
- नर जननांग (Male Organ): पौधों के नर जननांग को पुंकेसर (Stamen) कहते हैं।
- पुंकेसर में परागकण (Pollen Grains) पाए जाते हैं, जिनमें नर युग्मक होते हैं।
- मादा जननांग (Female Organ): पौधों के मादा जननांग को स्त्रीकेसर (Pistil/Carpel) कहते हैं।
- स्त्रीकेसर में बीजाण्ड (Ovules) पाए जाते हैं, जिनमें मादा युग्मक होते हैं।
- परागण (Pollination): परागकणों का पुंकेसर के परागकोष (Anther) से स्त्रीकेसर के वर्तिकाग्र (Stigma) तक पहुँचना परागण कहलाता है। यह निषेचन से पहले की क्रिया है।

4. निषेचन के आधार पर वर्गीकरण (जन्तुओं में)
निषेचन कहाँ होता है, इसके आधार पर जनन क्रिया दो प्रकार की होती है:
- बाह्य निषेचन (External Fertilization):
- जब अंडे का निषेचन मादा के शरीर के बाहर (प्रायः जल में) होता है, तो उसे बाह्य निषेचन कहते हैं।
- उदाहरण: मेंढक, मछलियाँ।
- आंतरिक निषेचन (Internal Fertilization):
- जब अंडे का निषेचन मादा के प्रजनन अंगों के भीतर होता है, तो उसे आंतरिक निषेचन कहते हैं।
- उदाहरण: मनुष्य, गाय, कुत्ते, मुर्गी (स्तनधारी और पक्षी)।
5. विशेष प्रकार की क्षमताएँ
- पुनर्जनन (Regeneration):
- शरीर के कटे हुए भागों से संपूर्ण जीव का फिर से बनना पुनर्जनन कहलाता है।
- उदाहरण: प्लेनेरिया।
- पुनरुद्भवन (Power of Regeneration/Repair):
- कुछ पौधे तथा प्राणी अपने खोए अथवा छिन्न-भिन्न हुए अंगों को पुनः अपनी शक्ति से उत्पन्न करने में समर्थ होते हैं। इस क्षमता को पुनरुद्भवन कहते हैं। (यह अंगों की मरम्मत या पुनर्रचना से संबंधित है, जबकि पुनर्जनन में पूरा जीव बन सकता है)।
- उदाहरण: छिपकली की कटी हुई पूंछ का वापस आना।





















