राष्ट्रीय प्रतीक कक्षा 5 वीं विषय- पर्यावरण अध्ययन अध्याय 4
अध्याय का सामान्य परिचय
इस अध्याय का मुख्य उद्देश्य बच्चों को भारत के राष्ट्रीय प्रतीकों से परिचित कराना है। भारत एक विविधताओं से भरा देश है – यहाँ विभिन्न धर्मों, जातियों, भाषाओं और पहनावे के लोग रहते हैं। इतनी विविधता के बावजूद, राष्ट्रीय प्रतीक पूरे देश को एक सूत्र में बाँधते हैं।
बच्चे इस अध्याय के माध्यम से सीखेंगे:
- राष्ट्र ध्वज (तिरंगा) – रंग, अशोक चक्र और उसका महत्व
- राष्ट्र चिह्न – सारनाथ का सिंह स्तंभ
- राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत – रचनाकार और उनका महत्व
- राष्ट्रीय पशु – बाघ
- राष्ट्रीय पक्षी – मोर
- राष्ट्रीय पुष्प – कमल
- राष्ट्रीय वृक्ष – बरगद
- छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीक – राजकीय पशु, पक्षी, वृक्ष, पुष्प
पाठ-1: राष्ट्र ध्वज (तिरंगा) – परिचय (दिवस 1)
| शीर्षक | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 1 कक्षा-अवधि (लगभग 35-40 मिनट) |
| शिक्षण उद्देश्य | 1. बच्चे राष्ट्र ध्वज (तिरंगा) के तीन रंगों को पहचान सकें। 2. बच्चे अशोक चक्र के बारे में जान सकें। 3. बच्चे राष्ट्र ध्वज का सम्मान करने का तरीका जान सकें। |
| शिक्षण विधि | प्रश्नोत्तरी, चित्रात्मक व्याख्यान, प्रदर्शन विधि |
| शिक्षण सामग्री | पाठ्यपुस्तक, भारत का राष्ट्र ध्वज (वास्तविक/चित्र), ब्लैकबोर्ड, रंगीन चॉक, कागज, रंगीन पेंसिल |
कक्षा-प्रक्रिया
प्रस्तावना (5 मिनट) :
- शिक्षक बच्चों से पूछेंगे:
- “तुमने कभी स्कूल में झंडा फहराते देखा है?”
- “हमारे झंडे में कौन-कौन से रंग होते हैं?”
- “हम झंडे का सम्मान कैसे करते हैं?”
- बच्चों के उत्तर सुनकर चर्चा शुरू करें।
प्रस्तुतीकरण (15 मिनट) :
- पाठ्यपुस्तक के पृष्ठ 32 (राष्ट्र ध्वज) का पठन करवाएँ।
- राष्ट्र ध्वज (तिरंगा) के बारे में विस्तार से समझाएँ:
| रंग (ऊपर से नीचे) | प्रतीक | महत्व |
|---|---|---|
| केसरिया (Saffron) | शौर्य (साहस) और बलिदान | यह हमारे वीरों के साहस और त्याग का प्रतीक है। |
| सफेद (White) | शांति और सत्य | यह हमेशा सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। |
| हरा (Green) | हरियाली, समृद्धि और खुशहाली | यह हमारी धरती की उर्वरता और विकास का प्रतीक है। |
- अशोक चक्र (बीच में सफेद पट्टी पर) – 24 तीलियाँ, गहरा नीला रंग, धर्म चक्र का प्रतीक।
- राष्ट्र ध्वज को ‘तिरंगा’ क्यों कहते हैं?
क्रियात्मक गतिविधि (10 मिनट) :
- बच्चों को कागज और रंगीन पेंसिल दें।
- बच्चे राष्ट्र ध्वज का चित्र बनाएँ:
- तीन क्षैतिज पट्टियाँ (केसरिया, सफेद, हरा)
- सफेद पट्टी पर अशोक चक्र बनाएँ (या गोला बनाकर 24 तीलियाँ दिखाएँ)
- सही अनुपात (2:3) का ध्यान रखें
मूल्यांकन (5 मिनट) :
- प्रश्न: “हमारे राष्ट्र ध्वज को क्या कहते हैं?”
- प्रश्न: “राष्ट्र ध्वज में कौन-कौन से रंग होते हैं?”
- प्रश्न: “अशोक चक्र में कितनी तीलियाँ होती हैं?”
गृहकार्य :
- राष्ट्र ध्वज का चित्र बनाकर उसके रंगों के नाम लिखें।
- अपने घर या स्कूल में झंडा फहराने के नियम लिखें।
पाठ-2: राष्ट्र ध्वज का सम्मान एवं ध्वजारोहण (दिवस 2)
| शीर्षक | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 1 कक्षा-अवधि (लगभग 35-40 मिनट) |
| शिक्षण उद्देश्य | 1. बच्चे राष्ट्र ध्वज के प्रति सम्मान की भावना विकसित कर सकें। 2. बच्चे ध्वजारोहण के नियम और स्थान (स्कूल, सरकारी भवन) जान सकें। 3. बच्चे स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस के बारे में जान सकें। |
| शिक्षण विधि | चर्चा विधि, प्रश्नोत्तरी, व्यावहारिक विधि |
| शिक्षण सामग्री | पाठ्यपुस्तक, राष्ट्र ध्वज (वास्तविक), ब्लैकबोर्ड, चित्र |
कक्षा-प्रक्रिया
प्रस्तावना (5 मिनट) :
- पिछले दिन के गृहकार्य (झंडे का चित्र) की समीक्षा करें।
- पूछें: “हम झंडे का सम्मान कैसे करते हैं?”
प्रस्तुतीकरण (10 मिनट) :
- पाठ्यपुस्तक के पृष्ठ 32-33 का वाचन करवाएँ।
- ध्वजारोहण के स्थान बताएँ:
- स्कूल में (प्रार्थना सभा, स्वतंत्रता दिवस, गणतंत्र दिवस)
- सरकारी भवनों पर
- राष्ट्रीय पर्वों के अवसर पर
- सम्मान के नियम:
- झंडा फहराते समय खड़े रहना
- सावधान मुद्रा में रहना
- झंडे को नीचे नहीं गिराना
- झंडे का अपमान नहीं करना
- स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) और गणतंत्र दिवस (26 जनवरी) पर ध्वजारोहण।
क्रियात्मक गतिविधि (15 मिनट) :
- ध्वजारोहण का अभ्यास (स्कूल के प्रांगण में):
- ध्वजारोहण के सही तरीके का प्रदर्शन
- झंडा फहराते समय खड़े होने का अभ्यास
- राष्ट्र गान गाने का अभ्यास
- कक्षा में राष्ट्र ध्वज से संबंधित प्रश्नोत्तरी:
- “झंडे में सबसे ऊपर कौन-सा रंग होता है?”
- “झंडे का आकार कैसा होता है?”
मूल्यांकन (5 मिनट) :
- प्रश्न: “तुम्हारे स्कूल में झंडा कब-कब फहराया जाता है?”
- प्रश्न: “तुम राष्ट्र ध्वज का सम्मान किस प्रकार करते हो?”
- प्रश्न: “स्वतंत्रता दिवस कब मनाया जाता है?”
गृहकार्य :
- स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस पर हुए अपने अनुभव लिखें।
- राष्ट्र ध्वज के रंगों का महत्व लिखें।
पाठ-3: राष्ट्र चिह्न (दिवस 3)
| शीर्षक | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 1 कक्षा-अवधि (लगभग 35-40 मिनट) |
| शिक्षण उद्देश्य | 1. बच्चे राष्ट्र चिह्न (सारनाथ का सिंह स्तंभ) को पहचान सकें। 2. बच्चे राष्ट्र चिह्न का इतिहास जान सकें। 3. बच्चे ‘सत्यमेव जयते’ का अर्थ समझ सकें। |
| शिक्षण विधि | चित्रात्मक व्याख्यान, प्रश्नोत्तरी, समूह चर्चा |
| शिक्षण सामग्री | पाठ्यपुस्तक, राष्ट्र चिह्न का चित्र, ब्लैकबोर्ड, कागज, पेंसिल |
कक्षा-प्रक्रिया
प्रस्तावना (5 मिनट) :
- पिछले दिन की समीक्षा करें।
- एक सिक्का (₹1, ₹2, ₹5) दिखाएँ और पूछें:
- “इस सिक्के पर क्या बना है?”
- “क्या तुमने कभी इस चिह्न को स्कूल की किताबों या सरकारी कागजों पर देखा है?”
प्रस्तुतीकरण (15 मिनट) :
- पाठ्यपुस्तक के पृष्ठ 33-34 (राष्ट्र चिह्न) का वाचन करवाएँ।
- राष्ट्र चिह्न (सारनाथ का सिंह स्तंभ):
- कहाँ से लिया गया? – सारनाथ, उत्तर प्रदेश (सम्राट अशोक द्वारा बनवाया गया)
- क्या दिखाता है? – चार सिंह (पीठ से पीठ सटे), एक सिंह पीछे
- चार सिंह – शक्ति, साहस, आत्मविश्वास और गर्व
- नीचे लिखा है – “सत्यमेव जयते” (सत्य की ही जीत होती है)
गतिविधि (दृश्य समझ) (10 मिनट) :
- बच्चों को 4-5 के समूहों में बाँटें।
- पाठ्यपुस्तक के पृष्ठ 34 की गतिविधि करें:
- एक साथी खड़ा हो
- चार साथी उसके सामने 10 कदम की दूरी पर पीठ से पीठ सटाकर खड़े हों
- अकेले साथी से पूछें – कितने साथियों के मुँह दिखाई दे रहे हैं?
- (उत्तर: तीन, क्योंकि एक साथी पीछे छिपा होता है)
- इसी प्रकार सारनाथ के चारों सिंह भी पीठ से पीठ सटे होने के कारण तीन ही दिखाई देते हैं।
मूल्यांकन (5 मिनट) :
- प्रश्न: “हमारा राष्ट्र चिह्न कहाँ से लिया गया है?”
- प्रश्न: “राष्ट्र चिह्न के नीचे क्या लिखा गया है?”
- प्रश्न: “‘सत्यमेव जयते’ का क्या अर्थ है?”
गृहकार्य :
- राष्ट्र चिह्न का चित्र बनाएँ और उसके नीचे ‘सत्यमेव जयते’ लिखें।
- अपनी पाठ्यपुस्तकों, सिक्कों, नोटों पर राष्ट्र चिह्न ढूँढ़कर देखें।
पाठ-4: राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत (दिवस 4)
| शीर्षक | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 1 कक्षा-अवधि (लगभग 35-40 मिनट) |
| शिक्षण उद्देश्य | 1. बच्चे राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत में अंतर समझ सकें। 2. बच्चे राष्ट्र गान के रचनाकार (रवीन्द्रनाथ टैगोर) को जान सकें। 3. बच्चे राष्ट्र गीत (‘वन्दे मातरम्’) का महत्व समझ सकें। |
| शिक्षण विधि | गायन विधि, चर्चा विधि, प्रश्नोत्तरी |
| शिक्षण सामग्री | पाठ्यपुस्तक, राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत के बोल (चार्ट), ऑडियो प्लेयर (वैकल्पिक), ब्लैकबोर्ड |
कक्षा-प्रक्रिया
प्रस्तावना (5 मिनट) :
- पिछले दिन की समीक्षा करें।
- पूछें: “तुम स्कूल में प्रार्थना सभा के दौरान क्या-क्या गाते हो?”
- बच्चों से राष्ट्र गान की कुछ पंक्तियाँ गाने को कहें।
प्रस्तुतीकरण (10 मिनट) :
- पाठ्यपुस्तक के पृष्ठ 34-35 (राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत) का वाचन करवाएँ।
- राष्ट्र गान (‘जन-गण-मन’):
- रचनाकार: रवीन्द्रनाथ टैगोर (नोबेल पुरस्कार विजेता)
- भाषा: बांग्ला (संस्कृतकृत बांग्ला)
- कब गाया जाता है?: स्कूल की प्रार्थना, राष्ट्रीय पर्व, खेल-कूद के आयोजन
- समय: पूरा गान 52 सेकंड
- राष्ट्र गीत (‘वन्दे मातरम्’):
- रचनाकार: बंकिम चन्द्र चट्टोपाध्याय
- पुस्तक: ‘आनन्दमठ’ (उपन्यास)
- महत्व: स्वतंत्रता आंदोलन के समय इस गीत ने देशभक्ति की भावना जगाई
- पंक्तियाँ: “वन्दे मातरम्। सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्…”
क्रियात्मक गतिविधि (15 मिनट) :
- सामूहिक गायन:
- पूरी कक्षा राष्ट्र गान (‘जन-गण-मन’) गाएँ।
- राष्ट्र गीत (‘वन्दे मातरम्’) का पहला भाग गाएँ।
- त्वरित प्रश्नोत्तरी:
- “राष्ट्र गान के रचनाकार कौन हैं?”
- “‘वन्दे मातरम्’ किस पुस्तक से लिया गया है?”
- “राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत में क्या अंतर है?”
मूल्यांकन (5 मिनट) :
- प्रश्न: “हमारा राष्ट्र गान किसने लिखा?”
- प्रश्न: “हमारा राष्ट्र गीत क्या है?”
- प्रश्न: “‘वन्दे मातरम्’ का स्वतंत्रता आंदोलन में क्या महत्व है?”
गृहकार्य :
- राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत के रचनाकारों के नाम लिखें।
- ‘वन्दे मातरम्’ की पहली 4 पंक्तियाँ याद करें।
पाठ-5: राष्ट्रीय पशु, पक्षी, पुष्प, वृक्ष एवं छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीक (दिवस 5)
| शीर्षक | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 1 कक्षा-अवधि (लगभग 35-40 मिनट) |
| शिक्षण उद्देश्य | 1. बच्चे राष्ट्रीय पशु, पक्षी, पुष्प और वृक्ष को पहचान सकें। 2. बच्चे छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीकों (पशु, पक्षी, वृक्ष, पुष्प) के बारे में जान सकें। 3. बच्चे इन प्रतीकों के संरक्षण का महत्व समझ सकें। |
| शिक्षण विधि | चित्रात्मक व्याख्यान, चर्चा, प्रश्नोत्तरी |
| शिक्षण सामग्री | पाठ्यपुस्तक, राष्ट्रीय पशु/पक्षी/पुष्प/वृक्ष के चित्र, छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीकों के चित्र, चार्ट |
कक्षा-प्रक्रिया
प्रस्तावना (5 मिनट) :
- पिछले दिन की समीक्षा करें।
- पूछें: “हमारे देश का राष्ट्रीय पशु कौन-सा है?”
- पूछें: “तुमने बाघ कहाँ देखा है?”
प्रस्तुतीकरण (15 मिनट) :
- पाठ्यपुस्तक के पृष्ठ 35-37 का वाचन करवाएँ।
- राष्ट्रीय पशु – बाघ (Tiger):
- शक्ति और स्फूर्ति का प्रतीक
- पुराने समय में बहुत पाए जाते थे, अब संख्या कम हो रही है
- संरक्षण – प्रोजेक्ट टाइगर (1973)
- राष्ट्रीय पक्षी – मोर (Peacock):
- भारत का सबसे सुंदर पक्षी
- सुंदरता और अनुग्रह का प्रतीक
- राष्ट्रीय पुष्प – कमल (Lotus):
- पवित्रता और सुंदरता का प्रतीक
- पानी में खिलता है फिर भी पवित्र रहता है
- राष्ट्रीय वृक्ष – बरगद (Banyan Tree):
- विशालता और दीर्घायु का प्रतीक
- राष्ट्रीय फल – आम (Mango):
छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीक:
| प्रतीक | नाम |
|---|---|
| राजकीय पशु | वन भैंसा (Wild Buffalo) |
| राजकीय पक्षी | पहाड़ी मैना (Hill Myna) |
| राजकीय वृक्ष | साल (Sal) |
| राजकीय पुष्प | ???? (पाठ्यपुस्तक में स्पष्ट नहीं, शिक्षक पता करवाएँ – कैम्पा/गुलमेंहदी) |
क्रियात्मक गतिविधि (10 मिनट) :
- बच्चों को समूहों में बाँटें।
- प्रत्येक समूह राज्यों के राजकीय प्रतीकों की तालिका भरे (पृष्ठ 37):
| क्र.सं. | राज्य का नाम | राजकीय पशु | राजकीय पक्षी | राजकीय वृक्ष |
|---|---|---|---|---|
| 1 | छत्तीसगढ़ | वन भैंसा | पहाड़ी मैना | साल |
| 2 | मध्य प्रदेश | बारहसिंघा | दूधराज | बरगद |
| 3 | उत्तर प्रदेश | बाघ | सारस | पीपल |
| 4 | बिहार | बाघ | गौरैया | पीपल |
मूल्यांकन (5 मिनट) :
- प्रश्न: “हमारा राष्ट्रीय पशु कौन-सा है?”
- प्रश्न: “छत्तीसगढ़ का राजकीय पशु कौन-सा है?”
- प्रश्न: “बाघों को बचाना क्यों जरूरी है?”
गृहकार्य :
- राष्ट्रीय पशु, पक्षी, पुष्प, वृक्ष और फल के नाम लिखें।
- छत्तीसगढ़ के राजकीय पशु, पक्षी और वृक्ष के नाम लिखें।
- (यदि संभव हो) टिकटों का संकलन करें जिनमें राष्ट्रीय प्रतीक छपे हों।
पाठ-6: पुनरावृत्ति एवं मूल्यांकन (दिवस 6)
| शीर्षक | विवरण |
|---|---|
| अवधि | 1 कक्षा-अवधि (लगभग 35-40 मिनट) |
| शिक्षण उद्देश्य | 1. बच्चे पूरे अध्याय की समीक्षा कर सकें। 2. बच्चे अध्याय से संबंधित प्रश्नों के उत्तर दे सकें। 3. बच्चे अपने सीखने का आत्म-मूल्यांकन कर सकें। |
| शिक्षण विधि | प्रश्नोत्तरी, समूह चर्चा, लिखित कार्य |
| शिक्षण सामग्री | ब्लैकबोर्ड, कॉपी, पेन, राष्ट्रीय प्रतीकों के चित्र |
कक्षा-प्रक्रिया
प्रस्तावना (5 मिनट) :
- पूरे अध्याय का संक्षिप्त पुनरावलोकन करें।
- राष्ट्रीय प्रतीकों के चित्र दिखाएँ और बच्चों से नाम पूछें।
मौखिक प्रश्न (10 मिनट) :
- हमारे राष्ट्र ध्वज (तिरंगे) में कौन-कौन से रंग होते हैं?
- राष्ट्र ध्वज के बीच में क्या होता है?
- हमारा राष्ट्र चिह्न कहाँ से लिया गया है?
- राष्ट्र चिह्न के नीचे क्या लिखा है? इसका क्या अर्थ है?
- हमारा राष्ट्र गान किसने लिखा?
- हमारा राष्ट्र गीत क्या है? इसे किसने लिखा?
- स्वतंत्रता आंदोलन में ‘वन्दे मातरम्’ का क्या महत्व है?
- हमारा राष्ट्रीय पशु कौन-सा है?
- हमारा राष्ट्रीय पक्षी कौन-सा है?
- छत्तीसगढ़ का राजकीय पशु और पक्षी क्या है?
लिखित अभ्यास (15 मिनट) :
- राष्ट्र ध्वज की विशेषताओं का वर्णन करो।
- बाघों को बचाना क्यों जरूरी है?
- हमारे राष्ट्रीय प्रतीकों के नाम लिखो –
- राष्ट्र ध्वज → तिरंगा
- राष्ट्र गान → जन-गण-मन
- राष्ट्र गीत → वन्दे मातरम्
- राष्ट्र पशु → बाघ
- राष्ट्र पक्षी → मोर
- राष्ट्र पुष्प → कमल
- राष्ट्र वृक्ष → बरगद
- राष्ट्र फल → आम
- हमारे स्वतंत्रता आंदोलन में ‘वन्दे मातरम्’ गीत का क्या महत्व है?
- छत्तीसगढ़ के राजकीय वृक्ष और पुष्प का नाम लिखो।
खोजो आस-पास (5 मिनट) :
- “ऐसे टिकटों का संकलन करो जिनमें देश के राष्ट्र ध्वज, पुष्प, जीव-जन्तु छपे हों।”
- “भारत के विभिन्न राज्यों के राजकीय पशु, पक्षी, वृक्ष और पुष्प के चित्रों को खोजकर चार्ट में लगाओ।”
गृहकार्य :
- अध्याय का पुनः अभ्यास करें और सभी प्रश्नों के उत्तर लिखें।
- भारत के 5 राज्यों के राजकीय प्रतीकों की सूची बनाएँ (चार्ट पर)।
अध्याय-समाप्ति पर मूल्यांकन मानदंड
| कौशल | मूल्यांकन का आधार |
|---|---|
| पहचान | क्या बच्चा सभी राष्ट्रीय प्रतीकों (ध्वज, चिह्न, गान, गीत, पशु, पक्षी, पुष्प, वृक्ष) को पहचान पाता है? |
| ज्ञान | क्या बच्चा राष्ट्रीय प्रतीकों के रचनाकारों, रंगों, महत्व को बता पाता है? |
| सम्मान | क्या बच्चा राष्ट्र ध्वज के प्रति सम्मान की भावना रखता है? |
| संबंध स्थापित करना | क्या बच्चा राष्ट्रीय प्रतीकों का देश की एकता और विविधता से संबंध समझा पाता है? |
| राज्य स्तर का ज्ञान | क्या बच्चा छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीकों को पहचान पाता है? |
| मौखिक अभिव्यक्ति | क्या बच्चा राष्ट्रीय प्रतीकों के महत्व को अपने शब्दों में समझा पाता है? |
अतिरिक्त संसाधन
- डिजिटल संसाधन: DIKSHA एप पर इस अध्याय से संबंधित वीडियो और सामग्री उपलब्ध है।
- पाठ्यपुस्तक: SCERT छत्तीसगढ़ द्वारा प्रकाशित कक्षा 5 EVS पाठ्यपुस्तक।
- ऑनलाइन समाधान: CGBSE Class 5 EVS Chapter 4 Solution ऑनलाइन उपलब्ध है।
- गतिविधियाँ:
- स्टैम्प कलेक्शन (Stamp Collection) – राष्ट्रीय प्रतीकों वाले डाक टिकट एकत्र करें।
- चार्ट प्रदर्शनी (Chart Exhibition) – विभिन्न राज्यों के राजकीय प्रतीकों का चार्ट बनाएँ।
- राष्ट्र गान प्रतियोगिता (Anthem Competition) – राष्ट्र गान का सही उच्चारण और समय का अभ्यास।
- ध्वज दिवस (Flag Day) – बच्चों को ध्वज का महत्व बताते हुए ध्वजारोहण का अभ्यास कराएँ।
- क्विज प्रतियोगिता (Quiz Competition) – राष्ट्रीय प्रतीकों पर आधारित क्विज आयोजित करें।
महत्वपूर्ण तथ्य (Quick Reference)
| प्रतीक | नाम | रचनाकार/विशेषता |
|---|---|---|
| राष्ट्र ध्वज | तिरंगा | केसरिया, सफेद, हरा; अशोक चक्र |
| राष्ट्र चिह्न | सारनाथ का सिंह स्तंभ | “सत्यमेव जयते” |
| राष्ट्र गान | जन-गण-मन | रवीन्द्रनाथ टैगोर (52 सेकंड) |
| राष्ट्र गीत | वन्दे मातरम् | बंकिम चन्द्र चट्टोपाध्याय (आनन्दमठ) |
| राष्ट्रीय पशु | बाघ | शक्ति और स्फूर्ति का प्रतीक |
| राष्ट्रीय पक्षी | मोर | सुंदरता और अनुग्रह |
| राष्ट्रीय पुष्प | कमल | पवित्रता |
| राष्ट्रीय वृक्ष | बरगद | विशालता और दीर्घायु |
| राष्ट्रीय फल | आम | – |
छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीक:
- राजकीय पशु: वन भैंसा
- राजकीय पक्षी: पहाड़ी मैना
- राजकीय वृक्ष: साल
याद रखने योग्य महत्वपूर्ण बातें
- हमारे देश में विभिन्न धर्मों, जातियों, भाषाओं और पहनावे के लोग रहते हैं।
- देश में भिन्नता रहते हुए भी पूरे देश के लिए राष्ट्रीय प्रतीक एक है। जैसे- राष्ट्र-ध्वज, राष्ट्र-चिन्ह, राष्ट्र-गान, राष्ट्र- गीत, राष्ट्रीय पशु-पक्षी एवं राष्ट्रीय पुष्प आदि।
- राष्ट्रीय प्रतीक उस राष्ट्र विशेष की पहचान, मूल्यों और आदर्शों को प्रदर्शित करता है।
- ये प्रतीक पूरे देश को एक सूत्र में बाँधे रखते हैं।
- हमारे देश के राष्ट्र-ध्वज में तीन रंग है, इसलिए इसे तिरंगा कहते हैं।
- यह हमारे देश के राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक है।
- सबसे ऊपर वाली पट्टी का रंग केसरिया है जो साहस, त्याग और बलिदान का प्रतीक है।
- बीच वाली पट्टी सफेद रंग की होती है जो सत्य, अहिंसा और शांति का प्रतीक है।
- सबसे नीचे पट्टी हरे रंग की होती है। जो विश्वास, समृद्धि तथा प्रकृति की हरियाली का प्रतीक है।
- सफेद पट्टी के बीच में अशोक चक्र बना रहता है, जिसका रंग नीला होता है। चक्र में 24 तीलियाँ बनी होती हैं।
- 15 अगस्त तथा 26 जनवरी के दिन शालाओं, सरकारी भवनों, संसद भवन तथा विधानसभा भवन में तिरंगा झंडा फहराया जाता है।
- राष्ट्र-ध्वज का आकार आयताकार है। इसे सारनाथ में सम्राट अशोक द्वारा निर्मित स्तम्भ के शीर्ष भाग से लिया गया है। इसके नीचे “सत्यमेव जयते” लिखा रहता है जिसका अर्थ है “सत्य की हमेशा विजय होती है।”-
- राष्ट्र-चिन्ह में चार सिंह हैं जो एक-दूसरे की ओर पीठ करके खड़े हुए हैं। तीन सिंह दिखाई देते हैं, चौथा पीछे वाला सिंह छिप जाता है।
- इन चिन्हों के नीचे एक चक्र होता है जिसके दाई ओर एक साँड़ तथा बाईं ओर एक घोड़ा है।
- डाक टिकिटों एवं सरकारी मुहरों पर सिंह वाला चित्र रहता है।
- राष्ट्रीय गीत बन्देमातरम्, राष्ट्रगान जन-गण-मन, राष्ट्रीय पशु-सिंह, राष्ट्रीय पक्षी मोर राष्ट्रीय पुष्पकमल
- तथा राष्ट्रभाषा – हिन्दी है। यह हमारे देश की संस्कृति की पहचान है।
पाठ के मध्य के प्रश्नोत्तर
प्रश्न 1. राष्ट्र-ध्वज के तीन रंगों के नाम लिखो ।
उत्तर- राष्ट्र-ध्वज के तीन रंगों के नाम- 1. केसरिया, 2. सफेद एवं 3. हरा ।
प्रश्न 2. तुम्हारी शाला में राष्ट्रीय ध्वज कब-कब फहराया जाता है ?
उत्तर- हमारी शाला में राष्ट्रीय ध्वज प्रतिवर्ष 15 अगस्त और 26 जनवरी को फहराया जाता है।
प्रश्न 3. तुम राष्ट्र-ध्वज का सम्मान किस प्रकार करते हो ?
उत्तर- हम राष्ट्र-ध्वज फहराते समय सावधान की स्थिति में खड़े रहते हैं। आपस में बातचीत नहीं करते हैं। इस तरह राष्ट्र-ध्वज का पूरा सम्मान करते हैं। क्योंकि यह हमारे स्वतंत्र राष्ट्र का प्रतीक है।
प्रश्न 4. राष्ट्र-ध्वज के चक्र में कितनी तीलियाँ हैं ? गिनकर लिखो।
उत्तर- राष्ट्र-ध्वज के चक्र में 24 तीलियाँ हैं।
प्रश्न 5. राष्ट्रध्वज का आकार कैसा है ?
उत्तर- राष्ट्रध्वज का आकार आयताकार है।
प्रश्न 6. राष्ट्रध्वज में ऊपर की पट्टी किस रंग की है ? उत्तर- राष्ट्र-ध्वज में ऊपर की पट्टी केसरिया रंग की है।
प्रश्न 7. जब तुम्हारे स्कूल में राष्ट्र ध्वज फहराया जाता है तो किन बातों का ध्यान रखा जाता है ? उत्तर- जब हमारे स्कूल में राष्ट्र-ध्वज फहराया जाता है तो निम्नलिखित बातों का ध्यान रखा जाता है-
1. प्रत्येक विद्यार्थी कक्षावार लाइन में सावधान की स्थिति में खड़े रहते हैं। 2. आपस में एक-दूसरे से बातचीत नहीं करते हैं।3. राष्ट्र-ध्वज को हाथ जोड़कर प्रणाम करते हैं।
प्रश्न 8. चित्र में देखकर बताओ- –
(i) राष्ट्र-चिन्ह में कितने सिंह हैं ? उत्तर- राष्ट्र-चिन्ह में चार सिंह हैं।
(ii) राष्ट्र-ध्वज और राष्ट्र-चिन्ह में कौन सा चिन्ह समान है ?
उत्तर-राष्ट्र-ध्वज और राष्ट्र-चिन्ह में चौबीस तीलियों वाला चक्र चिन्ह समान है।
(iii) चक्र के दोनों ओर किन जानवरों के चित्र है ? उत्तर- चक्र के दोनों ओर घोड़े का चित्र है ?
(iv) राष्ट्र-चिन्ह को तुमने और कहाँ-कहाँ देखा है ? उत्तर- राष्ट्र-चिन्ह को हमने डाक टिकिटों एवं अनेक मुद्राओं में (नोटों एवं सिक्कों) में देखा है।
(v) एक दो और पाँच रुपये के सिक्के में शेर के चित्र वाली सतह में देखकर बताओ तुम्हें कितने शेर दिखाई दे रहे हैं ?
उत्तर- एक, दो और पाँच रुपये के सिक्के में शेर के चार चित्र होते हैं, परन्तु सतह में हमें तीन शेर ही दिखाई दे रहे हैं।
अब बताओ
प्रश्न 9. राष्ट्र-गान गाते समय हमें किस मुद्रा में खड़े होना चाहिए ?
उत्तर- राष्ट्र-गान गाते समय हमें इसके सम्मान में सावधान की स्थिति में खड़े होना चाहिए।
हमने क्या सीखा
मौखिक प्रश्नोत्तर
प्रश्न 1. तुम्हारे स्कूल में ध्वजारोहण कब-कब किया जाता है ?
उत्तर- हमारे स्कूल में प्रतिवर्ष 15 अगस्त और 26 जनवरी के दिन ध्वजारोहण किया जाता है।
प्रश्न 2. हमारा राष्ट्र-चिन्ह कहाँ से लिया गया है ? उत्तर- हमारा राष्ट्र-चिन्ह उत्तरप्रदेश के सारनाथ में सम्राट अशोक द्वारा निर्मित स्तम्भ के शीर्ष भाग से लिया गया है।
प्रश्न 3. राष्ट्र-चिन्ह के नीचे क्या लिखा गया है ?
उत्तर- राष्ट्र-चिन्ह के नीचे “सत्यमेव जयते ” लिखा गया है।
लिखित प्रश्नोत्तर
प्रश्न 1. राष्ट्र-ध्वज की विशेषताओं का वर्णन करो ? उत्तर-राष्ट्र-ध्वज की निम्नलिखित विशेषताएँ हैं- 1. राष्ट्र-ध्वज उस राष्ट्र विशेष की पहचान, मूल्यों और आदर्शों को प्रदर्शित करता है। 2. यह पूरे देश को एक सूत्र में बाँधे रखता है । 3. राष्ट्र-ध्वज देश के गौरव का प्रतीक है। 4. राष्ट्र-ध्वज के बीचों-बीच बना चक्र गति, उन्नति और परिवर्तन का प्रतीक है।
प्रश्न2. बाघों को बचाना क्यों जरूरी है ?
उत्तर- -बाघ हमारा राष्ट्रीय पशु है। यह ताकत और – स्फूर्ति का प्रतीक है। घने जंगलों की कमी के कारण इनकी प्रजातियाँ कम होती जा रही हैं। इसलिए बाघों को बचाना जरूरी है।
प्रश्न 3. हमारे राष्ट्रीय प्रतीकों के नाम लिखो ? उत्तर- हमारे राष्ट्रीय प्रतीकों के नाम-तिरंगा झंडा, राष्ट्रगान, राष्ट्रगीत, राष्ट्रीय चिन्ह, पशु-पक्षी और राष्ट्रीय पुष्प हैं।
