नीचे दिए गए प्रोजेक्ट कार्य स्कूल द्वारा बच्चों को दिए जाने योग्य हैं। ये पाठ्यक्रम के अनुसार हैं, गतिविधि-आधारित हैं और बच्चों में अवलोकन, सर्वेक्षण, सृजनात्मकता, समूह-कार्य एवं पर्यावरण-संवेदनशीलता विकसित करते हैं।
सामान्य निर्देश (शिक्षकों/स्कूल के लिए)
- प्रत्येक बच्चा/समूह प्रोजेक्ट फाइल बनाए।
- प्रोजेक्ट में चित्र, चार्ट, मॉडल, सर्वे तालिका, फोटो, निष्कर्ष आदि सम्मिलित करें।
- बच्चों को अपने आस-पास के संसाधनों का उपयोग करने के लिए प्रेरित करें।
- प्रस्तुति कक्षा में दें – 2–3 मिनट।
- मूल्यांकन हेतु रूब्रिक:
- जानकारी एवं तथ्य – 4
- सृजनात्मकता/प्रस्तुतीकरण – 4
- सहयोग एवं समय-पालन – 4
- स्वच्छता एवं पूर्णता – 4
- कुल – 16 अंक (या स्कूल अनुसार 20)
- प्रोजेक्ट को त्रैमासिक/अर्धवार्षिक/वार्षिक आकलन के 10–20% अंकों में शामिल किया जा सकता है।
1. त्रैमासिक आकलन परियोजना (जून – सितम्बर)
संबंधित पाठ: 1 से 14
प्रोजेक्ट 1: हमारे मोहल्ले/गाँव का सर्वे
पाठ: चलो सर्वे करें, नक्शा बोलता है, दिशा-पैमाना एवं नक्शा
कार्य:
- अपने मोहल्ले के 10 परिवारों का सर्वे करो – परिवार के मुखिया का नाम, व्यवसाय, कुल सदस्य, मकान कच्चा/पक्का, ईंधन का प्रकार।
- तालिका बनाओ।
- अपने मोहल्ले का साधारण नक्शा बनाओ – घर, स्कूल, दुकान, कुआँ/नल, मंदिर आदि दर्शाओ।
- निष्कर्ष लिखो – कितने परिवार लकड़ी/गैस/मिट्टी का तेल उपयोग करते हैं?
प्रोजेक्ट 2: पत्ती एवं जड़ संग्रहालय (हर्बेरियम)
पाठ: जड़ एवं पत्ती
कार्य:
- 8–10 विभिन्न पौधों की पत्तियाँ एवं जड़ें एकत्र करो।
- पत्तियों को अखबार में दबाकर सुखाओ।
- चार्ट पेपर पर चिपकाओ और नीचे नाम लिखो।
- वर्गीकरण करो – समानान्तर/जालीदार नाड़ी विन्यास, मूसला/रेशेदार जड़।
- निष्कर्ष: जड़ और पत्ती के नाड़ी विन्यास में संबंध।
प्रोजेक्ट 3: राष्ट्रीय प्रतीक चार्ट
पाठ: राष्ट्रीय प्रतीक
कार्य:
- राष्ट्रध्वज, राष्ट्रचिह्न, राष्ट्रगान, राष्ट्रगीत, राष्ट्रीय पशु, पक्षी, पुष्प के चित्र चार्ट पर लगाओ।
- प्रत्येक के बारे में 2–3 वाक्य लिखो।
- छत्तीसगढ़ के राजकीय पशु, पक्षी, वृक्ष, पुष्प भी दर्शाओ।
प्रोजेक्ट 4: मच्छर एवं मलेरिया जागरूकता अभियान
पाठ: मच्छर और मलेरिया, साँप
कार्य:
- मच्छर के जीवन चक्र का चित्र बनाओ।
- मलेरिया से बचाव के 5 उपाय लिखो।
- साँप के प्रकार – विषैले/विषहीन के चित्र।
- एक पोस्टर बनाओ – “मच्छरों को पनपने न दें” / “साँप को मारें नहीं, बचाएँ”।
- कक्षा में प्रस्तुति दो।
2. अर्धवार्षिक आकलन परियोजना (अक्टूबर – दिसम्बर)
संबंधित पाठ: 15 से 24
प्रोजेक्ट 1: चींटी अवलोकन डायरी
पाठ: चींटी
कार्य:
- 3–4 दिन तक चींटियों का अवलोकन करो।
- चींटी के शरीर के भाग, टाँगें, मूँछें, आँखें – चित्र बनाओ।
- चींटियों की कतार, भोजन ढोना, घरौंदा – लिखो।
- चापड़ा चींटी की चटनी के बारे में जानकारी।
प्रोजेक्ट 2: जंतुओं का भोजन तालिका
पाठ: जंतुओं का भोजन
कार्य:
- 15 जंतुओं की तालिका बनाओ – नाम, भोजन, श्रेणी (शाकाहारी/मांसाहारी/सर्वाहारी/परजीवी)।
- कीटभक्षी पौधे (नेपेंथिस) का चित्र एवं जानकारी।
- निष्कर्ष लिखो।
प्रोजेक्ट 3: हड्डियों का मॉडल
पाठ: हड्डियाँ
कार्य:
- मिट्टी/आटा/प्लास्टिसिन से कंकाल का मॉडल बनाओ।
- हड्डियों के जोड़ों के प्रकार – कब्जा जोड़, ऊखल संधि – चित्र।
- हड्डियों के कार्य लिखो।
प्रोजेक्ट 4: हटरी बाजार रिपोर्ट
पाठ: हटरी
कार्य:
- अपने आस-पास लगने वाली हटरी का भ्रमण करो।
- वहाँ मिलने वाली वस्तुओं की सूची बनाओ।
- दुकानदारों से पूछो – पहले और अब में क्या अंतर आया?
- हटरी का चित्र बनाओ एवं अनुभव लिखो।
प्रोजेक्ट 5: सौर ऊर्जा मॉडल
पाठ: सौर ऊर्जा
कार्य:
- सोलर कुकर का मॉडल बनाओ (गत्ता, काली वार्निश, दर्पण/चमकीली पन्नी, पारदर्शक प्लास्टिक)।
- सौर ऊर्जा के 5 उपयोग लिखो।
- निष्कर्ष: किस मौसम में सोलर कुकर अच्छा काम करता है?
प्रोजेक्ट 6: तालागांव/लुई पाश्चर/गोवा – रिपोर्ट
पाठ: तालागांव, लुई पाश्चर, गोवा की सैर
कार्य (कोई एक चुनें):
- तालागांव के मंदिरों का चित्र एवं जानकारी।
- लुई पाश्चर की जीवनी एवं रेबीज टीके की खोज।
- गोवा की संस्कृति, व्यवसाय, पर्यटन स्थल – चार्ट।
3. वार्षिक आकलन परियोजना (जनवरी – मार्च)
संबंधित पाठ: 25 से 32
प्रोजेक्ट 1: बीज संग्रह एवं फैलाव
पाठ: बीजों का सफरनामा
कार्य:
- 10 विभिन्न बीज एकत्र करो।
- तालिका बनाओ – नाम, रंग, आकार, ऊपरी सतह, फैलाव का तरीका (हवा/पानी/जानवर/छिटकना)।
- चित्र चिपकाओ।
- निष्कर्ष लिखो।
प्रोजेक्ट 2: मिट्टी के प्रकार – प्रयोग
पाठ: मिट्टी और पत्थर
कार्य:
- खेत, नदी किनारे, सड़क किनारे, तालाब किनारे से मिट्टी के नमूने लाओ।
- गीली करके गेंद/बेलन/वृत्त बनाओ।
- पहचान करो – चिकनी, दोमट, रेतीली दोमट, रेत।
- मिट्टी की परतों का चित्र बनाओ।
प्रोजेक्ट 3: छत्तीसगढ़ के सपूत – वीर नारायण सिंह
पाठ: छत्तीसगढ़ के सपूत
कार्य:
- वीर नारायण सिंह का चित्र एवं जीवनी।
- उनके बलिदान की कहानी संक्षेप में लिखो।
- छत्तीसगढ़ के अन्य वीर सपूतों की जानकारी।
- चार्ट बनाओ।
प्रोजेक्ट 4: पंजाब की खेती एवं संस्कृति
पाठ: पंजाब
कार्य:
- पंजाब का नक्शा बनाओ – नदियाँ, फसलें, शहर।
- भांगड़ा नृत्य का चित्र।
- पंजाब की खेती की विशेषताएँ लिखो।
- अमृतसर के स्वर्ण मंदिर की जानकारी।
प्रोजेक्ट 5: छत्तीसगढ़ के लोकशिल्प
पाठ: छत्तीसगढ़ के लोकशिल्प
कार्य:
- काष्ठ, मृदा, धातु, बाँस शिल्प के चित्र एवं जानकारी।
- किसी एक शिल्प का मॉडल बनाओ (जैसे मिट्टी का खिलौना, बाँस की टोकरी)।
- शिल्पकारों से मुलाकात का अनुभव लिखो।
प्रोजेक्ट 6: कंप्यूटर एवं आपदा प्रबंधन
पाठ: कंप्यूटर का कमाल, आपदा प्रबंधन
कार्य (कोई एक):
- कंप्यूटर के भागों का चित्र एवं कार्य।
- ई-मेल कैसे भेजें – चरण लिखो।
- आपदा प्रबंधन – बाढ़/भूकंप/सूखा के बचाव के उपाय।
- आपातकालीन फोन नंबर की सूची।
प्रोजेक्ट 7: राजू की कहानी – संवेदनशीलता अभियान
पाठ: राजू की कहानी
कार्य:
- दिव्यांगजनों के प्रति संवेदनशीलता पर पोस्टर बनाओ।
- उनके लिए सरकारी योजनाओं की जानकारी।
- ब्रेल लिपि के बारे में लिखो।
- नारा लिखो – “दिव्यांगता अभिशाप नहीं, सम्मान का अधिकार है।”
अंत में
ये प्रोजेक्ट बच्चों को स्वयं करने, खोजने, अनुभव करने और निष्कर्ष निकालने के अवसर देते हैं। शिक्षक चाहें तो इन्हें समूह या व्यक्तिगत रूप में दे सकते हैं। त्रैमासिक, अर्धवार्षिक एवं वार्षिक आकलन में इन्हें 10–20 अंकों के लिए सम्मिलित किया जा सकता है। इससे बच्चों में पर्यावरण के प्रति रुचि, जिम्मेदारी और वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होगा।
